...और रो पड़ी थार की बेटियां 

श्रीगंगानगर/ बाड़मेर 

'मैच खेलो, नहीं तो स्कूल से निकलवा देंगे। इसके बाद किसी भी स्कूल में एडमिशन नहीं मिलेगा।' निर्णायक की ऐसी धमकी सुनकर राज्यस्तरीय लॉन टेनिस प्रतियोगिता में हिस्सा लेने आई बाड़मेर की सपना रोने लगी। टीम प्रभारी यशोदा ने सपना का पक्ष लिया तो उप जिला शिक्षा अधिकारी ने उन्हें भी ट्रांसफर कराने की धमकी दी। इस पर टीम प्रभारी भी रोने लगी। गुरु हरिकृष्ण पब्लिक स्कूल में चल रही राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में देरी से पहुंची अजमेर टीम के साथ बाड़मेर के खिलाडिय़ों को जबरदस्ती खिलाने के चक्कर में रविवार को जमकर हंगामा हुआ। वहीं, बताया जा रहा है कि अजमेर की टीम में कुछ बड़े अफसरों के बच्चे होने के कारण स्थानीय अधिकारी दबाव में हैं। इसी कारण इस टीम को हर हाल में खिलाना चाहते हैं। हुआ यूं कि राज्यस्तरीय लॉन टेनिस प्रतियोगिता शुरू होने के बाद तीसरे दिन 23 सितंबर को यहां पहुंची अजमेर टीम के साथ रविवार को बाड़मेर की टीम की खिलाडिय़ों ने खेलने से मना कर दिया। बाड़मेर खिलाडिय़ों के साथ जोधपुर, जयपुर, झुंझुनूं, कोटा, हनुमानगढ़ व टोंक की खिलाडिय़ों व टीम प्रभारियों ने देरी से आई अजमेर टीम से मैच का विरोध शुरू कर दिया। मामला बढ़ता देख उप जिला शिक्षा अधिकारी खेलकूद भूपालसिंह व अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी शिवशंकर बिश्नोई ने मौके पर पुलिस को बुला लिया। प्रतियोगिता में निर्णायक नरेंद्रकुमार ने बाड़मेर की सपना को मैच नहीं खेलने पर स्कूल से निकलवाने की धमकी दी तो वह रोने लगी। इस बात पर टीम प्रभारी यशोदा परिहार ने बीचबचाव किया तो उप जिला शिक्षा अधिकारी खेलकूद भूपालसिंह ने उन्हें भी शिकायत कर ट्रांसफर कराने की धमकी दे डाली। मौके पर उपस्थित अन्य जिलों की टीमों के प्रभारियों ने अजमेर टीम को नियम विरुद्ध खिलाने पर मैच खेलने से मना कर दिया। इसके बाद शाम चार बजे बाड़मेर व अजमेर टीम खिलाडिय़ों को गुड शेफर्ड स्कूल ले जाकर मैच खेलने का दबाव बनाया लेकिन बाड़मेर व अन्य जिलों की खिलाड़ी इस टीम के साथ मैच नहीं खेलने पर अड़ी रहीं। इसके बाद शाम को श्रीगंगानगर व जयपुर टीमों के साथ आए अतिरिक्त खिलाडिय़ों को मैच में अजमेर टीम के सामने उतारकर मैच की खानापूर्ति की गई। इन दोनों में अजमेर टीम विजेता रही। बाड़मेर, जोधपुर, जयपुर, झुंझुनूं, कोटा, श्रीगंगानगर व टोंक की खिलाडिय़ों ने देरी से आई अजमेर टीम को नियम विरुद्ध प्रतियोगिता में खिलाने पर जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक को लिखित में भी शिकायत की है। 

यह है मामला 

राज्यस्तरीय लॉन टेनिस प्रतियोगिता शुरू होने के बाद तीसरे दिन 23 सितंबर सुबह अजमेर टीम मैदान पर पहुंची। देरी से पहुंचने के कारण इस टीम के साथ बाड़मेर की टीम ने खेलने से मना कर दिया। बाड़मेर खिलाडिय़ों के साथ जोधपुर, जयपुर, झुंझुनूं, कोटा, हनुमानगढ़ व टोंक की खिलाडिय़ों ने भी देरी से आने पर विरोध जताया। वहीं, आयोजक अजमेर की टीम को मैच खिलाने पर अड़े रहे। बाड़मेर की खिलाडिय़ों व टीम प्रभारी को आयोजकों द्वारा मैच नहीं खेलने पर धमकाने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया। 

अजमेर टीम ने फोन पर पहले करा दी एंट्री 
अजमेर टीम ने आने से पहले फोन पर सूचना देकर एंट्री करा दी थी। निर्णय आयोजकों पर है कि वे देरी से आने वाली टीम को खिलाते हैं या नहीं। हमारी निर्णायक समिति ने इस टीम को मैच खिलाने का निर्णय लिया है। 

भूपालसिंह, उप जिला शिक्षा अधिकारी खेलकूद। 
मैं क्या कर सकता हूं 
प्रतियोगिता शुरू होने से पहले सभी टीमों को आयोजन स्थल पर पहुंचना होता है। देरी से आने वाली टीमों को प्रतियोगिता में खिलाने का कोई नियम नहीं है। स्थानीय आयोजक अजमेर टीम को खिलाना चाहते हैं। इसमें मैं क्या कर सकता हूं। 
इलियास नकवी, प्रतियोगिता संयोजक। 



टीम प्रभारी की शिकायत मिली है 
॥ प्रतियोगिता के आयोजकों ने फोन पर मुझे टीम प्रभारी की शिकायत की है। इस मामले में जब मैने टीम प्रभारी से बात की तो पता चला कि आयोजक नियम विरुद्ध अजमेर टीम को खिलाना चाहते हैं। 

गोरधन पंजाबी, जिला शिक्षा अधिकारी, बाड़मेर।

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