काला तिल लगाकर निकला सूरज
जयपुर।
बिडला तारामंडल के सहायक निदेशक संदीप भट्टाचार्य ने बताया कि शुक्र पारगमन की घटना इससे पहले 8 जून, 2004 को हुई थी। अगली बार 105 साल बाद वर्ष 2117 में होगी।
इसलिए है अनूठी घटना
आंतरिक ग्रह शुक्र जब सूर्य और धरती के बीच आ जाता है तो शुक्र पारगमन या वीनस ट्रांजिस्ट कहलाता है। शुक्र इस स्थिति में सूर्य के एक बिंदु मात्र स्थान को ढकता है। वह सूर्य के करीब से गुजरता है तो काले तिल के समान दिखाई देता है।
यहां भी दिख रहा शुक्र पारगमन:
शुक्र पारगमन की घटना समस्त भारत के साथ-साथ जापान, कोरिया, चीन, पूर्वी आस्ट्रेलिया, न्यूजीलैण्ड, उत्तरी अमेरिका साथ पाकिस्तान, श्रीलंका, बांग्लादेश व नेपाल में दिखाई दे रही है।
बिडला तारामंडल में नि:शुल्क व्यवस्था
बिडला तारामंडल के सीताराममणी त्रिपाठी ने बताया कि तारामण्डल परिसर में टेलिस्टोप के जरिए सूर्योदय से 10.22 बजे तक यह घटना नि:शुल्क दिखाने की व्यवस्था की गई है। उन्होंने बताया कि वर्ष 1639 में पहली बार दो व्यक्तियों ने शुक्र पारगमन का दृश्य देखा था। इसके यह सातवां शुक्र पारगमन है। इससे पहले वर्ष 1761, 1769, 1874, 1882 और 2004 में भी शुक्र पारगमन की घटना हो चुकी है।
यह होगा राशियों पर प्रभाव
ज्योतिषाचार्य पंडित चंद्रमोहन दाधीच के अनुसार इससे राशिगत प्रभाव इस प्रकार होंगे...
मिथुन धन व्यय, शत्रु वृद्धि, दौड़-धूप की अधिकता
मेष आर्थिक क्षेत्र में असमंजस की स्थिति की संभावना, आकस्मिक घटना के साथ स्वास्थ्य में उतार-चढ़ाव
कर्क आय के नवीन स्त्रोत बनने के साथ ही उन्नति संभव
सिंह कार्य क्षेत्र में प्रगति होगी व रूके हुए कार्य पूर्ण होंगे
कन्या भाग्य का सहारा प्राप्त होगा। अनायास ही अहम उपलब्धि की संभावना
तुला स्वास्थ्य नरम रह सकता है
वृश्चिक दाम्पत्य जीवन में मधुरता, साझा व्यापार से लाभ
धनु शत्रु परास्त होंगे, कानूनी क्षेत्र से सावधान रहें
मकर संतान पक्ष से उन्नति संभव व मानसिक ऊर्जा प्राप्त होगी
कुंभ व्यापार में अनायास परिवर्तन संभावित, सावधानी बरतें
मीन आकस्मिक धन लाभ होगा, साथ ही पराक्रम में वृद्धि
यूं न देखें
नंगी आंखों, धूप के चश्मे, एक्स-रे फिल्म, काले कांच आदि से शुक्र परागमन नहीं देखना चाहिए। नंगी आंखों से सूर्य को देखने से रेटिना क्षतिग्रस्त होने का खतरा है।
यूं देखा जा सकता है
सोलर फिल्टर युक्त चश्मे, पिनहोल कैमरे, सोलर फिल्टर युक्त टेलीस्कोप और सूर्य की प्रक्षेपित इमेज से देखना सुरक्षित रहेगा।
0 comments:
एक टिप्पणी भेजें