पालनहार वेब पोर्टल का शुभारम्भ 
जयपुर ।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. अरुण चतुर्वेदी ने बुधवार को पालनहार योजना को ऑन लाईन आवेदन करने पेपर लेस वेब पोर्टल का बटन दबाकर शुभारम्भ किया। निदेशालय के सभागार में बुधवार को डॉ. चतुर्वेदी ने कहा कि विभाग की व्यक्तिगत लाभ की योजनाओं का लाभ लाभार्थियों तक समय पर पहुचे। यह कार्य विभाग की पहली प्राथमिकता के तहत किया गया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री एवं मुख्य मंत्री की मंशा के अनुसार योजनाओं की राशि लाभार्थियों के सीधे खाते में पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि विभाग की छात्रवृति योजना, अनुप्रति योजना, पेंशन योजना, छात्रावास एवं आवासीय विद्यालयों को पेपरलेस आवेदन प्रक्रिया पहले ही शुरू की जा चुकी है। डॉ. चतुर्वेदी ने बताया कि पालनहार योजना में नये आवेदन पत्र ई-मित्र केन्द्र के माध्यम से भरे जायेगें तथा भामाशाह योजना से जोड़ा जायेगा। आवेदन भरने से लेकर भुगतान तक की प्रक्रिया ऑन लाईन होगी और सभी प्रक्रिया का समय समय पर मोबाईल पर एस.एम.एस. मैसेज के माध्यम से पूरी जानकारी मिलती रहेगी। उन्होंने बताया कि पालनहार योजना में 9 श्रेणी के बेसहारा बच्चों को यह सहायता राशि दी जाती है। राज्य में 1.50 लाख बच्चों के लिए 171 करोड़ रुपये की राशि का वर्ष 2016-17 में प्रावधान किया गया है। इस अवसर पर निदेशक अम्बरीष कुमार ने बताया कि विभाग द्वारा गरीबों एवं पिछड़ों के आर्थिक एवं सामाजिक उत्थान के लिए व्यक्तिगत लाभ की योजनाओं का संचालन किया जाता है। इसी उद्देश्य को लेकर योजनाओं का लाभ उनको समय पर मिले। इसी उद्देश्य से योजनाओं का आवेदन से लेकर भुगतान तक प्रक्रिया का सरलीकरण किया गया है। उन्होनें बताया कि वेब पोर्टल को भामाशाह से जोड़ा गया है। भामाशाह नम्बर डालते ही परिवार की सम्पूर्ण जानकारी अपने आप पोर्टल पर आ जायेगी। उन्होने बताया कि कि पालनहार योजना के लाभार्थी अब अपना आवेदन पत्र ई-मित्र केन्द्रों के माध्यम से भर सकेगें तथा कार्यालय में फार्म जमा कराने की प्रक्रिया से निजात मिल जायेगी। इस अवसर पर शास्त्री नगर की श्रीमती सुमन व उनके बच्चों का वेबपोर्टल पर ऑन लाईन आवेदन भरने की प्रक्रिया का प्रस्तुतीकरण दिया गया। इस मौके पर विभाग के प्रमुख शासन सचिव डॉ. आर.वेकेटश्वरन, अतिरिक्त निदेशक एम.पी.मीना, डॉ. हरसाय मीणा, अशोक जांगिड़ सहित अन्य अधिकारी व लाभार्थी मौजूद थे।

0 comments:

एक टिप्पणी भेजें

 
HAFTE KI BAAT NEWS © 2013-14. All Rights Reserved.
Top