श्रमिक उतरे सड़कों पर
बालोतरा। उच्च न्यायालय आदेश से गत डेढ़ माह से अधिक समय से बालोतरा,जसोल व बिठूजा में वस्त्र धुलाई,रंगाई व छपाई के 750 से अधिक कारखानों से 40 हजार से अधिक श्रमिको के सामने रोजी रोटी का संकट खड़ा हो गया है। घर चलाना व दैनिक जरूरतों को पूरा करना मुश्किल होने पर सोमवार को श्रमिक संगठनों के नेतृत्व में सैकड़ों श्रमिकों ने जूलूस निकाला। मुख्यमंत्री के नाम उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौंप बंद कारखानों को दुबारा शुरू करवाने की मांग की।वहीं इस दिन श्रमिकों ने लघु उद्योग भवन के आगे अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया। कारखाने शुरू करवाने की मांग को लेकर सोमवार को नगर में जुलूस निकाला।चेतन बाबा की झौपड़ी में एकत्रित हुए श्रमिक जुलूस के रूप में मुख्य मार्गो से होते हुए उपखंड अधिकारी कार्यालय पहुंचे। उन्होंने कारखाने शुरू करवाने को लेकर नारे लगाए। श्रमिक संघ के नवाराम, सवाईसिंह, बसंत शर्मा, पप्पूसिंह, ओमप्रकाश विश्Aोई, श्रीकांत, तेयुब, अचलाराम लेगा ने उपखंड अधिकारी कमलेश आबूसरिया को ज्ञापन सौंप कर बंद कारखानों को फिर से शुरू करवाने की मांग की। उन्होंने कहा कि कारखानों के बंद होने से घर चलाना व दैनिक जरूरतों को पूरा करना मुश्किल हो गया है। यही स्थिति रही तो मजबूरी में श्रमिकों को आत्महत्या करनी पड़ेगी। इसकी जिम्मेदारी सरकार व प्रशासन की होगी। कारखानेें शुरू नहीं किए गए तो आंदोलन को ओर तेज किया जाएगा। इसके बाद श्रमिक संघ से जुड़े श्रमिकों ने लघु उद्योग भवन के आगे अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया। श्रमिकों द्वारा शुरू किए इस आंदोलन में लोडिंग टैक्सी,ऊंट लारी, टैंकर चालक, मुनिमों, चाय की दुकानदारों, लोहार, मिçस्त्रयों आदि ने भाग लेकर अपना सर्मथन दिया।श्रमिकों द्वारा निकाले गए जूलूस व शुरू किए गए अनिश्चिकालीन धरने से सीईटीपी ट्रस्ट के पदाधिकारी व उद्यमी दूर रहे।
बालोतरा। उच्च न्यायालय आदेश से गत डेढ़ माह से अधिक समय से बालोतरा,जसोल व बिठूजा में वस्त्र धुलाई,रंगाई व छपाई के 750 से अधिक कारखानों से 40 हजार से अधिक श्रमिको के सामने रोजी रोटी का संकट खड़ा हो गया है। घर चलाना व दैनिक जरूरतों को पूरा करना मुश्किल होने पर सोमवार को श्रमिक संगठनों के नेतृत्व में सैकड़ों श्रमिकों ने जूलूस निकाला। मुख्यमंत्री के नाम उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौंप बंद कारखानों को दुबारा शुरू करवाने की मांग की।वहीं इस दिन श्रमिकों ने लघु उद्योग भवन के आगे अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया। कारखाने शुरू करवाने की मांग को लेकर सोमवार को नगर में जुलूस निकाला।चेतन बाबा की झौपड़ी में एकत्रित हुए श्रमिक जुलूस के रूप में मुख्य मार्गो से होते हुए उपखंड अधिकारी कार्यालय पहुंचे। उन्होंने कारखाने शुरू करवाने को लेकर नारे लगाए। श्रमिक संघ के नवाराम, सवाईसिंह, बसंत शर्मा, पप्पूसिंह, ओमप्रकाश विश्Aोई, श्रीकांत, तेयुब, अचलाराम लेगा ने उपखंड अधिकारी कमलेश आबूसरिया को ज्ञापन सौंप कर बंद कारखानों को फिर से शुरू करवाने की मांग की। उन्होंने कहा कि कारखानों के बंद होने से घर चलाना व दैनिक जरूरतों को पूरा करना मुश्किल हो गया है। यही स्थिति रही तो मजबूरी में श्रमिकों को आत्महत्या करनी पड़ेगी। इसकी जिम्मेदारी सरकार व प्रशासन की होगी। कारखानेें शुरू नहीं किए गए तो आंदोलन को ओर तेज किया जाएगा। इसके बाद श्रमिक संघ से जुड़े श्रमिकों ने लघु उद्योग भवन के आगे अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया। श्रमिकों द्वारा शुरू किए इस आंदोलन में लोडिंग टैक्सी,ऊंट लारी, टैंकर चालक, मुनिमों, चाय की दुकानदारों, लोहार, मिçस्त्रयों आदि ने भाग लेकर अपना सर्मथन दिया।श्रमिकों द्वारा निकाले गए जूलूस व शुरू किए गए अनिश्चिकालीन धरने से सीईटीपी ट्रस्ट के पदाधिकारी व उद्यमी दूर रहे।

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